Wednesday, November 29, 2023

हाल बेहाल / डॉ लाल थदानी

मत पूछो मुझसे तुम मेरे दिल का हाल
सच जानकर कहीं हो न जाओ बेहाल
हम अजनबी थे तो कितने करीब थे
करीब हुए तो फिर बिछड़ने का मलाल
तेरी खामोशी में सुनी है तेरी धड़कनें
आज निशब्द हूं सुनकर तेरे लाखों सवाल
मुझे पढ़ने वाले नहीं भूल सकते जिंदगी में
आत्मा से लिखी शायरी मेरे अल्फ़ाज़ क़माल 

डॉ लाल थदानी 
#अल्फ़ाज़_दिलसे
8005529714
28.11.2023

Monday, November 20, 2023

*बिल्ली हो गई अमर* / डॉ लाल थदानी

           *बिल्ली  हो गई अमर*
मेरे घर के बाहर एक बिल्ली की मौत की ख़बर
कौवे, कबूतर, बकरी, गाय, कुत्तै हैरान आए नज़र 
मेरे साथ साथ बेजुबानों पर भी हुआ है गहरा असर
रोज़ दाना पानी रोटी दूध खाते पीते थे सब मिलकर 
धर्म, जाति, सांप्रदायिकता का इनमें नहीं था ज़हर 
मेरे देश में जो देखने सुनने को मिल रहा है अक़सर 
नन्हीं मिराया मायशा भी है चुप देखकर यह मंजर
दूध पिलाती थी जिसे वो  बिल्ली  हो गई अमर

डॉ लाल थदानी
#अल्फ़ाज़_दिलसे
20.11.23
8005529714

Sunday, November 19, 2023

आओगे फिर से / डॉ लाल थदानी

*आओगे फिर से*
इस तरह कौन बिछड़ता है अपनों से
इस तरह कौन रूठता है बेगानों से
संगीत के सफ़र में वादा था साथ रहेंगे
अब ढूंढ रहे हैं भीड़ में नग्मों में अफसानों में
लब़ हैं ख़ामोश कुछ कहना चाह रहे अरसे से
हलक पर आके दिल बन्ध जाता है बंधनों से
ये सच है या भ्रम तुम यहीं हो, आओगे फिर से
नाचते, हंसते, गाते हमारे बीच सुरताल गानों में

डॉ लाल थदानी
#अल्फ़ाज़_दिलसे
8005529714